एक समय की बात है, एक समृद्ध राज्य में आर्यन नाम का एक राजकुमार रहता था। वह बहुत दयालु था, लेकिन उसे डर था कि क्या वह एक अच्छा राजा बन पाएगा। एक दिन, उसके पिता राजा विक्रम ने उसे समझाया, 'आर्यन, एक महान शासक बनने के लिए तीन चीजें बहुत जरूरी हैं: सतर्कता, शिक्षा और साहस।'
'सतर्कता का अर्थ है अपने लोगों की जरूरतों के प्रति हमेशा सजग रहना। शिक्षा का अर्थ है ज्ञान प्राप्त करना ताकि तुम सही निर्णय ले सको। और साहस का अर्थ है कठिनाइयों के समय निडर होकर खड़े रहना।'
कुछ महीनों बाद, राज्य में भारी बारिश के कारण बाढ़ आ गई। आर्यन पहले तो घबरा गया, लेकिन उसने अपनी शिक्षा का उपयोग किया और अनुमान लगाया कि पानी कहाँ तक आएगा। क्योंकि वह सतर्क था, उसने पहले ही लोगों को सावधान कर दिया था। जब बाढ़ आई, तो उसने बड़ी बहादुरी से लोगों को ऊँचे स्थानों पर पहुँचाया। उसकी सतर्कता, ज्ञान और साहस ने पूरे राज्य को बचा लिया। लोगों ने खुशी-खुशी उसे अपना राजा स्वीकार कर लिया।