एक सुंदर साम्राज्य में एक राजा अपनी बारह बेटियों के साथ रहता था। राजकुमारियाँ बहुत प्यारी थीं, लेकिन एक रहस्य उन्हें परेशान कर रहा था। हर सुबह, राजकुमारियों के पैरों में पहने हुए कीमती रेशमी जूते पूरी तरह से घिसे हुए और फटे हुए मिलते थे। राजा चाहे कितने भी महंगे जूते क्यों न मँगवा ले, हर रात ऐसा ही होता था।
राजा ने घोषणा की, 'जो भी राजकुमारियों के इस रहस्य को सुलझाएगा, उसे भारी इनाम और राजकुमारी से विवाह करने का अवसर दिया जाएगा।' कई बहादुर योद्धाओं ने कोशिश की, लेकिन वे सब असफल रहे।
एक दिन, लियो नाम का एक दयालु लकड़हारा जंगल में एक बूढ़ी औरत से मिला जो भूख से व्याकुल थी। लियो ने अपना सारा भोजन उसे दे दिया। वह महिला एक जादूगरनी थी। उसने लियो को एक जादुई चादर दी और कहा, 'इसे ओढ़ने पर तुम अदृश्य हो जाओगे, लेकिन याद रखना, अगर राजकुमारियाँ तुम्हें कुछ पीने को दें, तो उसे मत पीना।'
लियो महल पहुँचा और चुनौती स्वीकार की। रात में, जब राजकुमारियों ने उसे शरबत दिया, तो उसने उसे एक पौधे में डाल दिया और सोने का नाटक किया। फिर उसने जादुई चादर ओढ़कर उनका पीछा किया। उसने देखा कि राजकुमारियाँ एक गुप्त घाटी में अन्य राजकुमारों के साथ नाच रही थीं।
अगले दिन लियो ने राजा को सब सच बता दिया। राजा उसकी बुद्धिमानी और सच्चाई से बहुत खुश हुए। राजा ने लियो और बड़ी राजकुमारी का विवाह करा दिया और उन्हें राज्य का उत्तराधिकारी बना दिया।