एक बड़े से खेत में सोमु नाम का एक किसान रहता था। उसके पास ब्रूनो नाम का एक गधा था। एक दिन ब्रूनो ने सुन लिया कि सोमु उसे बेचने वाला है। डरकर ब्रूनो वहां से भाग निकला और जंगल की ओर चल दिया।
रास्ते में उसे एक बूढ़ा कुत्ता मिला जो बहुत उदास था। 'क्या हुआ दोस्त?' ब्रूनो ने पूछा। कुत्ते ने कहा, 'मैं बूढ़ा हो गया हूँ, अब न रखवाली कर सकता हूँ और न खाना ढूँढ सकता हूँ।' ब्रूनो ने कहा, 'हिम्मत मत हारो! मेरे साथ चलो, हम शहर जाकर एक संगीत मंडली बनाएंगे।' कुत्ता खुशी-खुशी साथ हो गया। आगे चलकर उन्होंने एक बूढ़ी बिल्ली और एक मुर्गे को भी अपने दल में शामिल कर लिया।
रात होने पर उन्हें भूख लगी। दूर एक बड़ा घर दिखा जहाँ चोरों की टोली सोने और स्वादिष्ट भोजन के साथ दावत उड़ा रही थी। ब्रूनो ने एक तरकीब सोची, 'अगर हम उनके लिए गाना गाएंगे, तो वे खुश होकर हमें खाना देंगे।'
उन्होंने एक के ऊपर एक चढ़कर एक मीनार बनाई और शोर मचाना शुरू किया। वह संगीत नहीं, बल्कि एक डरावनी आवाज़ थी! शोर सुनकर चोर डर गए और घर छोड़कर भाग गए। जब सब खाली हो गया, तो जानवरों ने पेट भर खाना खाया। तभी एक चोर चुपके से वापस आया। अंधेरे में उसने गलती से बिल्ली की पूंछ पकड़ ली और उसे जलाने की कोशिश की। गुस्से में बिल्ली उसके चेहरे पर झपट पड़ी! फिर कुत्ते ने उसे काटा, मुर्गे ने सिर पर चोंच मारी और गधे ने उसे जोर से लात मारी। चोर चिल्लाते हुए भागा, 'वहाँ बहुत ताकतवर लोग हैं!' डर के मारे बाकी चोर भी अपना माल छोड़कर भाग गए। उन जानवरों ने उस घर में खुशी-खुशी रहना शुरू कर दिया।
Moral
एकता और बुद्धि से कठिन काम भी आसान हो जाते हैं।